सोते सोते सो गए कभी न जागने वाले रोते रोते जम गए आंसू जागने वालों के नाम क्या दें इसे कुदरत का कहर या .... उनकी .... गहरी नींद जो खुलती है हादसों के बाद | @२०१५ विजय मधुर
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